ये चार नियम जीवन भर अपनाओ रहोगे कई बीमारियों से दूर | paani peene ka sahi tarika kya hai | paani kaise piye

ये चार नियम जीवन भर अपनाओ रहोगे कई बीमारियों से दूर
 paani peene ka sahi tarika kya hai 
paani kaise piye

नमस्कार दोस्तों स्वागत है आप सभी का हमारे ब्लॉक पोर्टल्स Gyan Rajesh में | दोस्तों जब भी हमारे शरीर में वात, पित्त और कफ का असंतुलन होता है | तब हमारे शरीर में कई बीमारियां उत्पन्न हो जाती हैं | आज की  इस पोस्ट में हम आपको चार ऐसे नियम बताएंगे | जिनका पालन अगर आपने जीवन भर किया तो कई जटिल बीमारियों से बचे रहेंगे | अभी तक आपने हमें फॉलो नहीं किया है तो फॉलो जरूर कर ले | क्योंकि हेल्थ से रिलेटेड पोस्ट हम आपको इस हेल्थ पोर्टल में हमेशा देने वाले है | 

paani peene ka sahi tarika kya hai
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तो दोस्तों शरीर में वात, पित्त और कफ का संतुलन बहुत ही जरूरी है | इनके असंतुलन से ही हम कई रोगों के शिकार हो जाते हैं | इसलिए इन 4 नियमों को आप को जानना बहुत जरूरी है | 

पहला नियम

खाना खाने के तुरंत बाद पानी नहीं पिए है | क्योंकि जब हम भोजन करते हैं तो सारा खाना हमारे पेट में इकट्ठा होता है | फिर वहां जठर में आता है | जिसे जठराग्नि भी कहते हैं | जठर में खाना इकट्ठा होने पर उसमें आग जलती है | जो खाना को पकाती है | जैसे चूल्हे में आग जलाकर खाना पकाया जाता है | उसी तरह हमारे पेट में भी खाना पकता है | यदि पेट में खाना पचेगा नहीं तो सड़ेगा | और सड़ने पर हमारे शरीर में विष पैदा होगा | और उस विष से  हमारे शरीर में कई तरह की बीमारिया खाना सड़ने पर होती है | इसलिए दोस्तों अगर आप अपने जठर की आग बुझा देंगे तो आपका खाना कैसे पचेगा | या तो आप खाने के 40 मिनट पहले पानी पियो या फिर खाने के 40 मिनट बाद पियो | ऐसा करने से 80 प्रकार के रोगों से दूर रहोगे | 

दूसरा नियम

पानी को हमेशा घूट घूट करके पियो | क्योंकि मुंह की लार पानी के साथ अंदर जाती है | लाल छारीय होता है और पेट में अम्ल बनती है | अपने पक्षियों और जानवरों को देखा होगा वह कभी भी पानी एक साथ नहीं पीते हैं | वह पानी चाट कर या घुट घुट कर पीते हैं | इसलिए जल्दी बीमार नहीं पड़ते हैं | घुट घुट कर पानी पीने से पेट और आपकी ब्लड में अम्लता नहीं होगी | एसिडिटी कई बीमारियों की जड़ होती है | जब पेट में एसिडिटी ही नहीं बनेगी तो बीमारी कहां से आएगी | इसलिए पानी हमेशा घुट घुट करके पिए | 

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तीसरा नियम 

ठंडा पानी कभी मत पियो क्योंकि हमारा शरीर गर्म होता है | और पानी ठंडा होता है जब गर्म शरीर में ठंडा पानी जाता है तो दोनों में झगड़ा होता है | जिससे हमारे शरीर का टेंपरेचर अनियंत्रित हो जाता है | और टेंपरेचर अनियंत्रित होने से वात, पित्त और कफ में असंतुलन होता है | जिस वजह से शरीर में बीमारियां होती है | इसलिए दोस्तों कभी भी फ्रीज या फिर बर्फ पानी नहीं पिए | इसकी जगह आप मिटटी के घड़े का पानी उपयोग कर सकते हैं | 

चौथा नियम 

सुबह उठते ही आप एक गिलास पानी पी लो क्योंकि पानी पेट में जाकर बड़ी आत की सफाई करता है | सुबह जब आप शौच के लिए जाते हैं | तो आपका पेट अच्छे से साफ होता है | सुबह पेट में एसिड की मात्रा अधिक होती है | सुबह उठते ही जब एक गिलास पानी पिएंगे तो आपके मुंह में जो लार होती है | वह आपके पेट में जाकर एसिडिटी की अधिक मात्रा को मेंटेन करता है | 


दोस्तों अगर आप भी चार नियमों का प्रयोग जीवन भर करते हो तो हो सकता है आपको जल्दी कोई बीमारी ना हो आशा करता हूं आपको यह पोस्ट अच्छी लगी होगी | इस पोस्ट को आप शेयर जरूर करें | जिससे की जानकारी सभी लोगों तक पहुंचे | मिलते हैं अगले पोस्ट में एक और हेल्थ से रिलेटेड जानकारी लेकर तब तक के लिए आपका सभी का दिन शुभ हो | 

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